संभल | विशेष रिपोर्ट
संभल में मुसलमानों पर गोली चलाने के आरोपी तत्कालीन सीओ अनुज चौधरी के खिलाफ़ एफआईआर दर्ज करने का आदेश देने वाले मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) विभांशु सुधीर के तबादले ने जिले की न्यायिक और सामाजिक हलकों में हलचल मचा दी है। जज के ट्रांसफर के विरोध में आज कोर्ट परिसर में वकीलों का जोरदार धरना-प्रदर्शन शुरू हो गया, जो लगातार उग्र रूप लेता जा रहा है।
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में अधिवक्ता शामिल हैं। वकीलों का आरोप है कि एक संवेदनशील और प्रभावशाली मामले में निष्पक्ष आदेश देने की ‘सज़ा’ जज को ट्रांसफर के रूप में दी गई है, जो न्यायिक स्वतंत्रता पर सीधा हमला है। धरनास्थल पर अधिवक्ता CJM विभांशु सुधीर को वापस लाने की मांग कर रहे हैं और सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं।
कोर्ट परिसर में गूंज रहे नारों में—
“योगी जब-जब डरता है, पुलिस को आगे करता है” और
“CJM साहब को वापस लाओ”
जैसे नारे माहौल को और तीखा बना रहे हैं।
वकीलों का कहना है कि यदि इस तरह न्यायिक अधिकारियों पर दबाव डालकर तबादले किए जाते रहे, तो आम नागरिकों का न्याय व्यवस्था से विश्वास उठ जाएगा। प्रदर्शनकारी अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि CJM विभांशु सुधीर का तबादला तत्काल रद्द नहीं किया गया, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
फिलहाल कोर्ट परिसर में तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रित स्थिति बनी हुई है। प्रशासन की ओर से स्थिति पर नजर रखी जा रही है, जबकि यह मामला अब न्यायिक स्वतंत्रता बनाम सत्ता के हस्तक्षेप की बहस का केंद्र बनता जा रहा है।
रिपोर्ट : इमरान खान
AKP News 786
