Breaking
2 Mar 2026, Mon

13 रजब को बहराइच दरगाह में अकीदत का सैलाब, हज़रत सैय्यद सालार मसूद ग़ाज़ी रहo के 1023वें उर्स पर परहन मुबारक की ज़ियारत

By Aijaz Alam Khan

बहराइच। हज़रत सैय्यद सालार मसूद ग़ाज़ी रहo के 1023वें उर्स मुबारक के अवसर पर 13 रजब को दरगाह शरीफ बहराइच में अकीदतमंदों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। इस मुक़द्दस मौके पर दरगाह शरीफ में परहन मुबारक की ज़ियारत कराई गई, जिसमें दूर-दराज़ से आए ज़ायरीन ने शिरकत कर दुआओं और मन्नतों के साथ अपनी हाज़िरी पेश की।


उर्स के दौरान दरगाह परिसर रूहानियत और अकीदत के रंग में सराबोर नज़र आया। सुबह से ही ज़ियारत का सिलसिला शुरू हो गया, जो देर शाम तक जारी रहा। ज़ायरीन ने मुल्क में अमन-चैन, भाईचारे और खुशहाली के लिए ख़ुसूसी दुआएँ मांगीं। दरगाह प्रबंधन की ओर से ज़ियारत के लिए बेहतर इंतज़ामात किए गए, जिससे अकीदतमंदों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।


इस अवसर पर उलेमा और सज्जादानशीनों ने हज़रत सालार मसूद ग़ाज़ी रहo की ज़िंदगी, उनकी कुर्बानियों और इंसानियत के पैग़ाम पर रोशनी डालते हुए कहा कि उनका तालीमात आज भी समाज को सही राह दिखाती हैं। उर्स के मौके पर बहराइच की फिज़ा “या ग़ाज़ी मियाँ” के नारों और दुरूद-ओ-सलाम से गूंज उठी, जिससे पूरा माहौल रूहानी किफ़ायत से भर गया।

रिपोर्ट: इमरान खान, बहराइच
AKP News 786