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17 Apr 2026, Fri

परसरामपुर में साइबर ब्लैकमेलिंग और दुष्कर्म का खुलासा — मोनू उर्फ मनीष पुलिस के हत्थे चढ़ा

बेहोशी की दवा देकर बलात्कार, फोटो-वीडियो वायरल कर ब्लैकमेल तथा आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने के गंभीर मामले में परसरामपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई — मुख्य अभियुक्त मोनू उर्फ मनीष गिरफ्तार
जनपद बस्ती के थाना परसरामपुर क्षेत्र में एक युवती के साथ बेहोशी की दवा देकर दुष्कर्म करने, उसके अश्लील फोटो व वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल करने तथा लगातार ब्लैकमेल कर उसे आत्महत्या के लिए उकसाने के सनसनीखेज मामले में थाना परसरामपुर पुलिस ने महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की है। पुलिस ने मामले के मुख्य आरोपी मोनू उर्फ मनीष पुत्र रामकुमार, निवासी ग्राम मड़ेरिया, थाना परसरामपुर, जनपद बस्ती, को गिरफ्तार कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
यह कार्रवाई परसरामपुर थानाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह के कुशल नेतृत्व में गठित पुलिस टीम द्वारा की गई, जिसके बाद पीड़िता को न्याय दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। यह प्रकरण समाज में बढ़ते साइबर अपराध, ब्लैकमेलिंग और महिलाओं के प्रति की जा रही आपराधिक मानसिकता पर गंभीर प्रश्न खड़े करता है।
घटना का संक्षिप्त विवरण
थाना परसरामपुर में पंजीकृत मुकदमा संख्या 361/2025, धारा 64(2)ड, 123, 108, 351(2) बीएनएस तथा धारा 67 आईटी एक्ट में दर्ज हुआ था। प्रकरण के अनुसार, अभियुक्त मोनू उर्फ मनीष ने एक युवती को अपने जाल में फंसाकर उसे किसी बहाने से बुलाया। उसी दौरान उसने युवती को बेहोशी की दवा पिलाई, जिसके बाद युवती के साथ दुष्कर्म किया गया। पुलिस जांच में सामने आया कि बेहोशी की स्थिति में पीड़िता के आपत्तिजनक फोटो एवं वीडियो बनाए गए।
इसके बाद अभियुक्त द्वारा युवती को लगातार वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल किया जाता रहा। युवती ने इस मानसिक अत्याचार से परेशान होकर आत्महत्या करने तक का विचार किया, जिसके चलते धारा 108 (दुष्प्रेरण) भी इस प्रकरण में जोड़ी गई है। अभियुक्त के विरुद्ध यह पूरा मामला न केवल दुष्कर्म बल्कि साइबर क्राइम, मानसिक प्रताड़ना और सोशल मीडिया के दुरुपयोग के गंभीर आयामों को उजागर करता है।
पुलिस की तत्परता और कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए थानाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह द्वारा तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, कॉल डिटेल, डिजिटल फुटप्रिंट और स्थानीय सूचना तंत्र का उपयोग करते हुए अभियुक्त की लोकेशन ट्रेस की।
आज दिनांक 11 दिसंबर 2025 को पुलिस टीम ने दबिश देकर अभियुक्त मोनू उर्फ मनीष को उसके गाँव मड़ेरिया से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद अभियुक्त से प्रारंभिक पूछताछ की गई, जिसमें उसने कई महत्वपूर्ण तथ्य स्वीकार किए हैं। पुलिस द्वारा उसके मोबाइल फोन और संदिग्ध इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को कब्जे में लिया गया है, जिनकी फोरेंसिक जांच कराई जाएगी।


अभियुक्त के खिलाफ प्रमाण मजबूत होने के चलते उसे न्यायालय भेजने की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि मामले की गहराई से जांच जारी है तथा यदि किसी और व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
गिरफ्तार अभियुक्त का विवरण
नाम: मोनू उर्फ मनीष
पिता का नाम: रामकुमार
उम्र: लगभग 21 वर्ष
पता: ग्राम मड़ेरिया, थाना परसरामपुर, जनपद बस्ती
गिरफ्तारी एवं कार्रवाई में सम्मिलित पुलिस टीम
उपनिरीक्षक अभयनंदन सिंह, थाना परसरामपुर
हेड कॉन्स्टेबल विकास सिंह, थाना परसरामपुर
कॉन्स्टेबल हरिओम यादव, थाना परसरामपुर
पुलिस टीम को इस संवेदनशील प्रकरण में तत्परता, सक्रियता और समयबद्ध कार्रवाई के लिए विभागीय सराहना मिलने की संभावना है।
समाज के लिए संदेश
यह मामला महिलाओं एवं किशोरियों के विरुद्ध बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति सचेत करता है। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि ऐसे मामलों में संकोच न करें और तुरंत पुलिस को सूचना दें। साथ ही, सोशल मीडिया का सावधानीपूर्वक उपयोग करने और किसी भी प्रकार के ब्लैकमेल या धमकी की स्थिति में थाने या साइबर हेल्पडेस्क से संपर्क करने की सलाह दी गई है।
थाना परसरामपुर पुलिस का कहना है कि पीड़ितों की पहचान गोपनीय रखना पुलिस की प्राथमिकता है, और महिलाओं के विरुद्ध किसी भी प्रकार के अपराध को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

परमानन्द मिश्रा की रिपोर्ट
AKP News 786