Aijaz Alam Khan – Founder & Editor of AKP News 786

सूफ़ी एजाज़ आलम खान क़ादरी
सूफ़ी एजाज़ आलम खान क़ादरी उत्तर प्रदेश के जनपद बस्ती के जयपुरवा निवासी हैं। वे एक प्रतिष्ठित आध्यात्मिक मार्गदर्शक, समाजसेवी, पत्रकार एवं शिक्षाविद् हैं। उनका जीवन सत्य, सेवा, शिक्षा, इंसानियत और आध्यात्मिक मूल्यों के प्रसार के लिए समर्पित है। वे समाज में प्रेम, शांति, भाईचारे और नैतिक मूल्यों को स्थापित करने के लिए निरंतर कार्यरत हैं।
आध्यात्मिक परिचय
सूफ़ी एजाज़ आलम खान क़ादरी, क़ादरी सिलसिले से जुड़े हुए एक रूहानी मुरीद एवं सूफ़ी मत के अनुयायी हैं। उनकी आध्यात्मिक प्रेरणा गौस-ए-आज़म हज़रत सैय्यद शैख़ अब्दुल क़ादिर जीलानी रज़ियल्लाहु तआला अन्हु की शिक्षाओं से प्राप्त होती है। वे प्रेम, मोहब्बत, भाईचारे, इंसानियत, अख़्लाक़-ए-हसना तथा इश्क़-ए-रसूल ﷺ के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने के लिए समर्पित हैं।
पत्रकारिता
पत्रकारिता सूफ़ी एजाज़ आलम खान क़ादरी के लिए केवल एक पेशा नहीं, बल्कि समाज सेवा का एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने वर्ष 2009 में “आलम की पुकार” हिन्दी साप्ताहिक समाचार पत्र (RNI No. UPHIN/2009/29896) की स्थापना की। इस समाचार पत्र ने वर्षों तक प्रिंट पत्रकारिता के माध्यम से जनसमस्याओं, सामाजिक सरोकारों और जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हुए जनता की आवाज़ को शासन-प्रशासन तक पहुँचाने का महत्वपूर्ण कार्य किया।
समय की बदलती आवश्यकताओं और डिजिटल युग की मांग को समझते हुए, उन्होंने 17 सितम्बर 2023 से इस संस्थान को आधुनिक स्वरूप प्रदान किया। आज AKP News 786 वेब न्यूज़ पोर्टल एवं YouTube न्यूज़ चैनल के माध्यम से देश-दुनिया की ताज़ा, निष्पक्ष, तथ्यपरक और जनहितकारी खबरें जनता तक पहुँचा रहा है।
“आलम की पुकार” से “AKP News 786” तक की यह यात्रा सूफ़ी एजाज़ आलम खान क़ादरी की दूरदर्शिता, कुशल संपादन, निष्पक्ष पत्रकारिता और जनसेवा के प्रति समर्पण का प्रतीक है। उनके नेतृत्व में यह मंच आम जनता की आवाज़ को बुलंद करने, सामाजिक सरोकारों को उजागर करने तथा सत्य और निष्पक्ष पत्रकारिता की परंपरा को निरंतर आगे बढ़ा रहा है।
पारिवारिक प्रेरणा एवं आध्यात्मिक विरासत
सूफ़ी एजाज़ आलम खान क़ादरी के व्यक्तित्व और आध्यात्मिक जीवन के निर्माण में उनके पिता श्री जावेद आलम खान का अत्यंत महत्वपूर्ण योगदान रहा है। श्री जावेद आलम खान वर्ष 2009 से 2016 तक मान्यता प्राप्त पत्रकार के रूप में सक्रिय रहे तथा समाज और जनहित से जुड़े विषयों पर अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
वर्तमान में हृदय रोग, किडनी संबंधी समस्या, मधुमेह (शुगर), उच्च रक्तचाप (बी.पी.) आदि गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के कारण वे अधिकांश समय घर पर रहकर विश्राम करते हैं।
पत्रकारिता के साथ-साथ श्री जावेद आलम खान रूहानियत (आध्यात्मिक ज्ञान) के गहन विद्वान माने जाते हैं। सूफ़ी एजाज़ आलम खान क़ादरी ने आध्यात्मिक ज्ञान, तसव्वुफ़ और रूहानी मार्गदर्शन का अधिकांश भाग अपने पिता से ही प्राप्त किया है।
“मेरे पिता ही मेरे प्रथम गुरु हैं। मैंने रूहानियत, अख़्लाक़, इंसानियत और ख़िदमत-ए-ख़ल्क़ का सबसे बड़ा सबक़ उन्हीं से सीखा है। उनकी शिक्षा और दुआएँ ही मेरे जीवन की सबसे बड़ी पूँजी हैं।”
समाज सेवा एवं शिक्षा
सूफ़ी एजाज़ आलम खान क़ादरी आलम रूहानी मिशन ट्रस्ट के संस्थापक एवं अध्यक्ष हैं। ट्रस्ट के माध्यम से शिक्षा, समाज सेवा, धार्मिक जागरूकता, मानवीय सहायता एवं जनकल्याण के अनेक कार्य संचालित किए जाते हैं।
उनके मार्गदर्शन में दारुल उलूम इस्लामिया फैज़ाने आलम (डी.आई.एफ.ए.) संचालित है, जहाँ गरीब, यतीम एवं आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को निःशुल्क दीनी और दुनियावी शिक्षा प्रदान की जाती है, ताकि वे ज्ञान, उत्तम संस्कार और उज्ज्वल भविष्य के साथ समाज के जिम्मेदार नागरिक बन सकें।
हमारा उद्देश्य
- सत्य एवं निष्पक्ष पत्रकारिता को बढ़ावा देना।
- शिक्षा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना।
- सूफ़ी विचारधारा के माध्यम से प्रेम, शांति और भाईचारे का संदेश फैलाना।
- गरीब, यतीम एवं जरूरतमंद लोगों की सेवा करना।
- समाज में नैतिकता, सद्भाव और मानवीय मूल्यों को सुदृढ़ करना।
संदेश
“इल्म, अमल, ख़िदमत-ए-ख़ल्क़ और इश्क़-ए-रसूल ﷺ के रास्ते पर चलकर ही एक बेहतर, शांतिपूर्ण, शिक्षित और आदर्श समाज का निर्माण किया जा सकता है।”