जनपद बस्ती में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना परसरामपुर, गौर, सोनहा पुलिस तथा एसओजी/सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई में नकली धातु को सोना बताकर करीब सात लाख रुपये की ठगी करने वाले नामजद तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह कार्रवाई बेदीपुर नहर पुलिया के पास की गई, जहां से तीनों को दबोचा गया।

मामला 7 दिसंबर 2025 का है, जब बेदीपुर बाजार स्थित एक सोना-चांदी की दुकान पर तीनों अभियुक्त ग्राहक बनकर पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने पीली धातु को शुद्ध सोना बताकर दुकानदार से पांच लाख रुपये नकद और दो लाख रुपये के गहने ले लिए। बाद में जब सोने की जांच कराई गई तो वह पूरी तरह नकली निकला। इस संबंध में पीड़ित अखिलेश कुमार सोनी की तहरीर पर थाना परसरामपुर में मुकदमा संख्या 374/2025, धारा 318(4), 348, 317(2), 338 व 339 बीएनएस के तहत केस दर्ज किया गया था।

पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित टीम ने विवेचना के दौरान मुखबिर खास की सूचना पर 26 दिसंबर की सुबह करीब 10 बजे बेदीपुर नहर पुलिया से तीनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, अभियुक्त संगठित तरीके से अलग-अलग जनपदों में जाकर ज्वैलर्स को निशाना बनाते थे।
गिरफ्तार अभियुक्तों का विवरण
सुमेर सिंह पुत्र राम प्रसाद, निवासी जोनई, थाना जैत, जिला मथुरा (उम्र लगभग 35 वर्ष)
महेंद्र नायक पुत्र सुवाराम, निवासी बगडराजपुर, थाना बगडगद तिराया, जिला अलवर, राजस्थान (उम्र लगभग 40 वर्ष)
गोटिया पुत्र स्व. राम सिंह, निवासी बगडराजपुर, थाना बगडगद तिराया, जिला अलवर, राजस्थान
बरामदगी
एक मोबाइल फोन
21,500 रुपये नकद
पीली धातु के 15 लाकेट
इस संयुक्त अभियान में थाना परसरामपुर के थानाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह, थाना सोनहा के थानाध्यक्ष महेश सिंह, थाना गौर के थानाध्यक्ष संतोष कुमार, प्रभारी एसओजी विकास यादव सहित सर्विलांस और एसओजी टीम के कई अधिकारी व कर्मचारी शामिल रहे।
पुलिस का कहना है कि अभियुक्तों से पूछताछ की जा रही है और इस गिरोह से जुड़े अन्य मामलों की भी जानकारी जुटाई जा रही है। साथ ही, ठगी के इस नेटवर्क के तार किन-किन जनपदों से जुड़े हैं, इसकी भी गहन जांच की जा रही है। पुलिस ने आम नागरिकों और व्यापारियों से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को देने की अपील की है।
परमानन्द मिश्रा की रिपोर्ट
AKP News 786
