Breaking
22 Jul 2026, Wed

Cy-Vazra Cyber Crime Basti: करोड़ों की ठगी करने वाला गैंग गिरफ्तार

Cy-Vazra Cyber Crime Basti

By Editor Aijaz Alam khan

Cy-Vazra Cyber Crime Basti: करोड़ों की साइबर ठगी करने वाले गिरोह पर पुलिस का बड़ा एक्शन

Cy-Vazra Cyber Crime Basti अभियान के तहत उत्तर प्रदेश पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। बस्ती साइबर थाना, एसओजी, सर्विलांस और साइबर सेल की संयुक्त कार्रवाई में इन्वेस्टमेंट और शेयर ट्रेडिंग के नाम पर लोगों से करोड़ों रुपये की कथित ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों के कब्जे से मोबाइल फोन, चेकबुक, एटीएम कार्ड, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, जीएसटी से जुड़े दस्तावेज और नकदी बरामद हुई है। प्रारंभिक जांच में कई बैंक खातों से जुड़े करोड़ों रुपये के लेनदेन और बड़ी संख्या में शिकायतों की जानकारी सामने आई है।

Cy-Vazra Cyber Crime Basti अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई

पुलिस के अनुसार यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्णा द्वारा चलाए जा रहे प्रदेशव्यापी Cy-Vazra अभियान के अंतर्गत की गई। बस्ती के पुलिस अधीक्षक यशवीर सिंह के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक श्यामकांत की निगरानी में साइबर थाना, साइबर सेल, एसओजी, स्वाट और सर्विलांस टीमों ने संयुक्त ऑपरेशन चलाया।

पुलिस का कहना है कि अभियान का उद्देश्य साइबर अपराधियों के नेटवर्क को चिन्हित कर उनके विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करना और आम लोगों को ऑनलाइन ठगी से बचाना है। इसी क्रम में तकनीकी साक्ष्यों और निगरानी के आधार पर चार संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया।

ऐसे दिया जाता था इन्वेस्टमेंट और शेयर ट्रेडिंग का झांसा

प्रारंभिक जांच के अनुसार यह गिरोह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे फेसबुक, इंस्टाग्राम और टेलीग्राम पर आकर्षक विज्ञापन प्रकाशित करता था। इन विज्ञापनों में लोगों को कम समय में अधिक मुनाफा, शेयर ट्रेडिंग में शानदार रिटर्न और सुरक्षित निवेश का दावा किया जाता था।

जांच एजेंसियों के अनुसार इच्छुक लोगों से विभिन्न बैंक खातों में धन जमा कराया जाता था। पुलिस का आरोप है कि बाद में यही रकम अलग-अलग खातों के माध्यम से स्थानांतरित कर दी जाती थी। मामले की विस्तृत वित्तीय जांच अभी जारी है।

प्रारंभिक जांच में क्या सामने आया?

  • कई बैंक खातों की भूमिका की जांच की जा रही है।
  • एनसीआरपी पोर्टल पर अनेक शिकायतें दर्ज मिली हैं।
  • देश के विभिन्न राज्यों से जुड़े मामलों की पड़ताल जारी है।
  • डिजिटल उपकरणों और दस्तावेजों की फॉरेंसिक जांच कराई जाएगी।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बरामद मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच के बाद इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी स्पष्ट हो सकती है। यदि जांच में नए तथ्य सामने आते हैं तो आगे और गिरफ्तारियां भी संभव हैं।

गिरफ्तार अभियुक्तों से पूछताछ में सामने आए अहम तथ्य

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार किए गए चारों अभियुक्त लंबे समय से साइबर ठगी के संगठित नेटवर्क से जुड़े हुए थे। प्रारंभिक पूछताछ में पता चला कि गिरोह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इन्वेस्टमेंट, शेयर ट्रेडिंग और लोन से जुड़े आकर्षक विज्ञापन चलाकर लोगों को अपने जाल में फंसाता था। अधिक मुनाफे का लालच देकर पीड़ितों से अलग-अलग बैंक खातों में रकम जमा कराई जाती थी।

जांच एजेंसियों के मुताबिक गिरोह के मुख्य सरगना ने स्वीकार किया कि नेटवर्क के कुछ सदस्य देश के विभिन्न राज्यों के अलावा नेपाल, कंबोडिया और दुबई जैसे देशों में भी सक्रिय बताए जा रहे हैं। आरोप है कि भारत में फर्जी फर्मों और कॉर्पोरेट खातों की व्यवस्था कर ऑनलाइन बैंकिंग के माध्यम से ठगी की रकम का लेन-देन किया जाता था।

बैंक खातों की जांच में करोड़ों रुपये के लेन-देन का दावा

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार अभियुक्तों से जुड़े कुछ बैंक खातों की प्रारंभिक जांच में पिछले एक वर्ष के दौरान करोड़ों रुपये के लेन-देन के संकेत मिले हैं। एनसीआरपी (NCRP) पोर्टल पर इन खातों के संबंध में विभिन्न राज्यों से दर्ज शिकायतों का भी परीक्षण किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे वित्तीय नेटवर्क की विस्तृत जांच जारी है और आवश्यकता पड़ने पर अन्य राज्यों की एजेंसियों से भी समन्वय किया जाएगा।

छापेमारी में बरामद हुआ महत्वपूर्ण सामान

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन मोबाइल फोन, कई चेकबुक, एटीएम कार्ड, क्यूआर कोड, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, जीएसटी से जुड़े दस्तावेज और नकदी बरामद की है। पुलिस का कहना है कि जब्त किए गए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और दस्तावेजों की डिजिटल फॉरेंसिक जांच कराई जाएगी ताकि साइबर ठगी के पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।

साइबर थाना बस्ती की यह कार्रवाई साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे Cy-Vazra अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा मानी जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच आगे भी जारी रहेगी और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाली जाएगी। साथ ही नागरिकों से अपील की गई है कि किसी भी निवेश या ऑनलाइन लेन-देन से पहले पूरी तरह सत्यापन अवश्य करें।

ऐसी ही ताज़ा, भरोसेमंद और तथ्य आधारित खबरों के लिए AKP News 786 पर बने रहें। इस खबर पर अपनी राय कमेंट में जरूर साझा करें और हमारी वेबसाइट पर अन्य महत्वपूर्ण समाचार भी पढ़े

परमानंद मिश्रा की रिपोर्ट

AKP News 786